देर रात्रि सोते समय सिपाही को करैत सर्प ने काटा सैफई पीजीआई के इमरजेंसी वार्ड में किया गया भर्ती अब हालत स्थिर
हाल ही में उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा सर्पदंश के राज्य आपदा घोषित होने व पीड़ित को तत्काल एक सप्ताह के अंदर 4 लाख की मुआवजा राशि जिलाधिकारी के माध्यम से उपलब्ध कराने के शासनादेश के बाद भी जनपद में आम जनता हेतु ग्रामीण क्षेत्रो में व जिला चिकित्सालय में सर्पदंश के इलाज के दावे नाकाफी व अपर्याप्त है वहीं किसी ग्रामीण क्षेत्र में कोबरा या करैत सर्प निकलने पर जनपद का वन विभाग भी अपने सीमित संसाधनों का रोना रोकर अक्सर मौन हो जा रहा है मौके पर सर्प को पकड़ने की विभाग के पास कोई ठोस रणनीति ही नही है। बाढ़ क्षेत्र में पीड़ित ग्रामीणों का कहना है की अब ऐसे विषम समय मे किसी खतरनाक सर्प के घर मे घुसे होने पर आम जनता क्या करे उस समय किससे मदद मांगे कोई हेल्पलाइन नंबर भी वन विभाग की तरफ से जारी नही किया गया है या सर्प काट ले तो मरीज को कैसे कम समय मे जल्द से जल्द नजदीकी अस्पताल पहुंचाया जाये इसकी कोई ठोस व्यवस्था कहीं भी दिखाई नही दे रही है। सर्पमित्र हेल्पलाइन-7017204213